
हिसार। सच मोबाइल गैलरी गणेश मार्केट में लाखों रुपये के मोबाइल चोरी करने के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ के दौरान आरोपियो ने बताया कि उनके गैंग का नाम टोपी गैंग है और वह बिहार के रहने वाले हैं आरोपियों ने सीआईए टीम की पूछताछ में खुलासा किया कि वारदात से तीन दिन पहले मोबाइल खरीदने के बहाने वे दुकान में गए और रेकी की थी। इसके बाद उन्होंने फतेहाबाद में कुछ दुकानों की भी रेकी की थी। आरोपी बिहार के मोतिहारी के घोड़ासन निवासी गोविंद चौधरी और बरियारपुर चापोली, मोतिहारी बिहार निवासी श्रीराम को अदालत में पेश कर सात दिन के रिमांड पर लिया है। पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी है।
मोबाइल लोकेशन न हो ट्रस, इसलिए अपना फोन दिल्ली छोड़कर आए थे आरोपी
आरोपियों ने बताया कि रेकी के बाद वे दिल्ली गए और अपने मोबाइल फोन वहीं छोड़कर हिसार आए। गोविंद चौधरी वारदात का मास्टर माइंड है। 7 अक्तूबर को मोबाइल गैलरी में चोरी की वारदात के बाद आरोपी दिल्ली गए और फिर बिहार लौट गए। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों को पकड़ा।
दूसरे राज्यों में भेजी थी फुटेज
सीआईए इंचार्ज प्रहलाद सिंह ने बताया कि आरोपी पेशेवर चोर हैं। ये बिहार से 8-10 लोगों के गुट आते हैं। पहले चोरी करने को जगह को चिह्नित कर उसकी रेकी करते हैं और फिर वारदात को अंजाम देते हैं। गणेश मार्केट में चोरी की वारदात से पहले गिरोह के 8 सदस्य बिहार से दिल्ली आए थे। दिल्ली में आरोपियों ने किराये पर कमरा लिया। वारदात से तीन दिन पहले आरोपी गोविंद चौधरी अपने तीन साथियों के साथियों के साथ हिसार आया था। यहां चोरों ने कुछ दुकानों में रेकी की फिर फतेहाबाद चले गए।

